मीडिया कैसा होना चाहिए
लोकतंत्र के चार स्तंभ माने जाते हैं। 1.संसद 2.राष्ट्रपति 3.न्यायपालिका 4. मीडिया मीडिया ऐसा होना चाहिए जो 1.किसी राजनीतिक संस्था, किसी औद्योगिक घराने या विदेशी ताकतों का गुलाम ना हो। 2.जो खबरों को निष्पक्ष होकर दिखाए किसी भी प्रभाव से मुक्त होकर। 3.जो केवल खबरें दिखाए किसी संवेदनशील या ज्वलनशील मुद्दे में तेल डालने का काम ना करे। 4.जो राजनीतिक पार्टियों एवं उनके नेताओं, अमीरों तथा रसूखदारों सभी बुरे लोगों की पोल खोल सके बिके नहीं। 5. किसी मुद्दे पर स्वयं जज बनकर फैसला ना दे आम लोगों को अपनी राय रखने का मौका दे। 6. रसूखदार एंव मशहूर लोगों की बातें तो हर कोई सुनता है निर्बल की फरियाद भी सुनाए। 7. आम लोग संसद में जाकर सवाल नहीं कर सकते इसलिए वह अपनी व्यथा को मीडिया के आगे उजागर करते हैं परन्तु यदि मीडिया ही बिका हो तो उन के सवालों और वास्तविक मुद्दों की परवाह कौन करता है। किसी आम व्यक्ति ने आवाज बुलंद करने की कोशिश की तो या तो उसे बिके हुए पत्रकारों ने लाताड़ दिया या उसे राष्ट्रवाद के नाम...